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आईबीएस मुंबई का हुआ भारत के मैनेजमेंट शिक्षा में विस्तार; 2019 के बैच में भी लगातार सफलता हासिल

मुंबई, 29 अक्टूबर, 2019- मैनेजमेंट शिक्षा क्षेत्र में  आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा में इच्छूकों के लिए आईबीएस मुंबई  बी-स्कूल्स की  प्रथम श्रेणी की संस्था बनकर उभरी है. अन्य बी-स्कूल्स और आईबीएस मुंबई में अगर तुलना करनी हो तो कहा जा सकता है कि आईबीएस मुंबई एक एेसी संस्था है जिसमें से केवल मैनेजमेंट ही नहीं बल्कि जागतिक स्तर के विचारक नेता यहां से ही बने थे.  यहां पर एेसा माहौल बनाया जाता है कि यहां पढनेवाली हर विद्यार्थी विचारक बनता है, अपने अनुभवों को सांझा करता है, समस्यांओं को मात देता है,उसकी निर्णय लेने की क्षमता बेहतर होती है. वह हमेशा ही टीमवर्क और एक साथ काम करने को प्राथमिकता देता है. साथ ही एंटरप्रेन्योर का विकास करता हैं, जिससे की वह जिस भी क्षेत्र में काम कर रहा है उस क्षेत्र के विद्यमान जागतिक परिणामों के साथ समायोजित होना उसके लिए आसान होता है. ज्ञान के साथ ही उसके स्किल डेवलपमेंट का विकास भी यहां पर होता है.

अंतरराष्ट्रीय कंपनियों में  नौकरी प्रदान करनेवाले क्षेत्र में  (इंटरनैशनल प्लेसमेंटस)आईबीएस ग्रुप में आईबीएस मुंबई का हमेशा ही प्रभुत्व रहा है. कंपनी ने अब तक किए इंटरनैशनल प्लेसमेंट में 50 प्रतिशत से ज्यादा प्लेसमेंटस आईबीएस मुंबई के हैं. आईबीएस मुंबईने तैयार किए पीजीबीएम इस दो साल के प्रोग्राम की रचना एेसी की गई है कि यहां पढकर किसी भी विकसीत कंपनी में काम करने के लिए आवश्यक विशेषज्ञ तैयार हो, जिनके पास उच्च मैनेजमेंट स्किल हो.  इस प्रोग्राम के चलते मैनेजमेंट के सभी क्षेत्रों के विभिन्न विषयों का ज्ञान अपने आप प्राप्त होता है. इस प्रोग्राम में प्रस्तृत किए सभी कोर्सेस अच्छे प्रैक्टिस से जुडे है और उपकरणों का सही इस्तेमाल करके मूलभूत तत्वों को समझना उपयुक्त है. जिसके चलते कंपनियों में आनेवाली चूनौतियों का सामना करना आसान हो.  इन सभी चीजों को ध्यान में रखते हुए अभ्यासक्रम को बनाया गया है. इस वक्त अपने विचारों की प्रस्तृती में  प्रो. वाई. के. भूषण ने कहा कि, यहां पढनेवाले विद्यार्थियों की विचार  क्षमता तेज होती है. वे उपलब्ध जानकारी का सही विश्लेषण करके व्यावसायिक मानदंडों पर आधारित निर्णय लेना सिखते है. इन कोर्सेस के जरिए आनेवाली पिढियों को  अत्याधुनिक उपकरणों और तकनीक की शिक्षा देने का निर्णय कंपनी ने लिया है. इसके साथ ही स्पेशलाइज्ड कोर्सेस का विचार करते हुए नए सिरे से  समर  इंटर्नशिप प्रोग्राम (एसआईपी) जैसे गर्मी की छूट्टियों के कोर्सेस का नियोजन भी किया गया है. 

आईबीएस का शिक्षा प्रणाली में एक महत्वपूर्ण हिस्सा रहां है. यहां वास्तविक जीवन पर आधारित शिक्षा पर  जोर दिया जाता है. जो की क्लास-रूम में पढाना मुमकिन नहीं होता. इसके लिए विद्यार्थियों को कडी मेहनत करनी पडती है.   डॉ प्रीती सक्सेना, डी.वाय. कैंपस एंड डायरेक्टर प्लेसमेंट, आईबीएस मुंबई  ने कहा,   आईबीएस मुंबई में हर साल  नई नौकरी प्रोफाइल लाने वाली प्लेसमेंट टीम मजबूत शैक्षणिक क्षमता द्वारा पूरक है जो की एनालिटिक्स,बीमा और डिजिटल मार्केटिंग जैसे ऐच्छिक विकल्प पेशकश करते हैं।  

आइबीएस की और एक खासीयत यह है की पोस्ट ग्रजूएशन प्रोग्राम इन मैनेजमेंट (पीजीपीएम) जिसमें इस प्रकार के सॉफ्ट स्किल्स सिखाए जाते हैं. जिसके चलते विद्यार्थियों का विकास होता है साथ ही व्यक्तिमत्व विकास , कम्यूनिकेशन में बेहतर बनना और व्यावसायिक स्किल्स में कुशन बनना आसान होता है.  प्रोफेसर हेमंत पुरंदरे, डीन, अकादमिक, आईबीएस मुंबई ने कहा,  दो वैश्विक विसर्जन टीमों ने अलग-अलग जर्मनी, बेल्जियम, ऑस्ट्रिया, स्विट्जरलैंड, फ्रांस और नीदरलैंड का दौरा किया ताकि एयरबस, ऑडी, बीएमडब्ल्यू  जैसे संगठनों द्वारा विश्व स्तरीय व्यापार संचालन को समझने में मदद मिल सके और पेरिस में एस्सेस  बिजनेस स्कूल का भी दौरा किया। साथ ही आईफिल टॉवर और ज़्यूरिख में राइन वाटरफॉल के दौरे ने उन्हें  यूरोपीय विरासत और संस्कृति  की सराहना करने में मदद की.  आईबीएस मुंबई के लगातार बड रहे  औद्योगिक नेटवर्क से आईबीएस मुंबई का करियर मैनेजमेंट सेंटर लगातार अग्रणी रह रहा है.  बीएसएसआई, आईटी और आईईटीईएस, मिडीया और एंटरटेनमेंट के साथ डिजीटल मार्केटींग में कंपनियों को उसका फायदा होता है. इसके चलते विद्यार्थियों को खोज क्षेत्र में भी अवसर प्राप्त  होते है.

डॉ रीटा रँगनेकर, डीन, इंस्टीट्यूशन बिल्डिंग, आईबीएस मुंबई ने कहा, "आईबीएस मुंबई उद्योग के लिए अभिनव प्रबंधन विकास कार्यक्रम तैयार करने में अग्रणी है, जिनमें से कुछ एचआर एनालिटिक्स और लेबर लॉ रिफॉर्म थे.  2018 में आईबीएस ने तीन अंतर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस और फर्स्ट इंटरनेशनल एचआर कांफ्रेंस आयोजित किये। 

-पहचान की तलाश में एचआर- व्यापार मॉडल बदलना: प्रौद्योगिकी द्वारा किए गए मार्ग;

- कॉर्पोरेट एकीकरण में वित्त और अर्थशास्त्र के मुद्दों और प्रभाव पर दूसरा अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन

- विपणन पर तीसरा अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन - विपणन पर चर्चा - मुद्दे, रुझान और चुनौतियां आईबीएस मुंबई में 23 छात्र क्लब हैं जो छात्रों को उत्सव, संगोष्ठियों और प्रतियोगिताओं के माध्यम से अपनी नेतृत्व क्षमता का उपयोग करने में सक्षम बनाता है। आईबीएस मुंबई छात्र परिषद ने हीरानंदानी, पवई में स्वस्थ भारत ; विषय के साथ 5के रन का आयोजन किया है. 

आईबीएस मुंबई की लाइब्रेरी 

सुमात्रा घोषाल लर्निंग सेंटर  में 35519 से अधिक किताबें, पत्रिकाओं, डेटाबेस,  फिल्म, डिजिटल संसाधन है बौद्धिक विकास के लिए एक उत्कृष्ट वातावरण प्रदान करता है. अपनी सफलता की कहानी जारी रखने के लिए, आईबीएस मुंबई अब उत्साहपूर्वक 2021 के बैच को लाने की उम्मीद कर रहा है।



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